दूसरी बार लखनऊ से दो महिला विधायक बनी मंत्री

लखनऊ। निज संवाददाता/आशीष गुप्ता राजे Updated: 19 मार्च, 2017 9:09 PM

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यह सच है कि इतिहास अपने को दोहराता है। आजादी के बाद राजधानी की दो महिला विधायकों ने एक बार फिर एक साथ प्रदेश सरकार में मंत्री का ओहदा पाकर आधी आबादी का परचम बुलंद किया है। वहीं कैंट विधानसभा क्षेत्र से चुनाव जीतने वाली दोनों महिला विधायकों को मंत्री बन कर इस गौरव में चार चांद लगा दिए हैं। 1985 में कांग्रेस सरकार में कैंट विधायक प्रेमवती तिवारी व पूर्व विधानसभा से एमएलए स्वरूप कुमार बक्शी मंत्री बनी थी। इसके बाद अब बीजेपी सरकार में डॉ रीता बहुगुणा जोशी और स्वाति सिंह को मंत्री पद की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

1951 के बाद चुनाव इतिहास में दूसरी बार लखनऊ से एक ही पार्टी की तीन महिलाएं विधायक बनी। पहली बार नौवीं विधान सभा के लिए 1985 में राजधानी से कांग्रेस की मलिहाबाद, पूर्व और कैंट विधानसभा से महिलाएं विधायक चुनी गई। पूर्व विधानसभा क्षेत्र से स्वरूप कुमारी बक्शी (बक्शी दीदी), कैंट से प्रेमवती तिवारी और मलिहाबाद से कृष्णा रावत को जनता ने विधायक चुना। इनमें से प्रेमवती तिवारी और स्वरूप कुमारी बक्शी की योग्यता को देखते हुए तत्कालीन एडी तिवारी सरकार में प्रदेश सरकार में मंत्री बनाया गया। वहीं इस बार बीजेपी सरकार में यह मौका शिक्षाविद डॉ रीता बहुगुणा जोशी व भाजपा की महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष स्वाति सिंह को मिला।

कैंट विधानसभा से दूसरी बार महिला विधायक बनी मंत्री

कैंट विधानसभा क्षेत्र ही एक ऐसी सीट है जिससे अभी तक दो बार महिला विधायक चुनी गईं हैं। दोनों ही मंत्री बनी। कैंट के मतदाताओं ने 1980, 1985 व 1989 में कांग्रेस की प्रेमवती तिवारी को लगातार तीन बार विधायक चुना। 1985 में प्रेमवती तिवारी को मंत्री बनाया गया। अब इस सीट से लगातार दूसरी बार विधायक बनी डॉ रीता बहुगुणा जोशी को कैबिनेट मंत्री बनाया गया है। डॉ जोशी कैंट से 2012 और 2017 में एमएलए चुनी गई। जबकि दूसरी मंत्री स्वाति सिंह ने सरोजनीनगर विधानसभा क्षेत्र से चुनी गई हैं। आजादी के बाद पहली बार इस सीट से बीजेपी ने जीत दर्ज की वहीं पहली ही बार महिला विधायक भी चुनी गई।

बक्शी चार बार बनी मंत्री

राजधानी की पूर्व विधानसभा सीट से चार बार विधायक बनी स्वरूप कुमारी बक्शी (बक्शी दीदी) को हर बार सरकार में मंत्री बनने का मौका मिला। बक्शी दीदी 1974, 1977, 1980 व 1985 में विधायक बनी। इस दौरान वह 1974 से 1980 तक प्रदेश कैबिनेट में शिक्षा, गृह, हरिजन और समाज कल्याण मंत्री बनी और 1980 से 1989 तक संस्कृति विभाग की मंत्री बनाई गई।

राजधानी से चुनी गई महिला विधायक

स्वरूप कुमारी बक्शी (1974, 1977, 1980 व 1985 कांग्रेस) , प्रेमवती तिवारी (1980, 1985 व 1989 कांग्रेस ) , कृष्णा रावत (1985 कांग्रेस) , डॉ रीता बहुगुणा जोशी (2012 कांग्रेस व 2017 भाजपा) ,चन्द्रा रावत (2012 सपा), स्वाती सिंह (2017 भाजपा), जयदेवी(2017भाजपा)

राजधानी से चुनी गई महिला सांसद

लखनऊ - विजय लक्ष्मी पंडित (1951 कांग्रेस), शीला कौल (1971, 1980, 1984 कांग्रेस)

मोहनलालगंज - गंगा देवी (1957,62, 67, 71 कांग्रेस), कैलाश पति (1980 कांग्रेस), पूर्णिमा वर्मा (1996 भाजपा), रीना चौधरी (1989 व 1999 सपा), सुशीला सरोज (2009 सपा)

प्रदेश की महिला मुख्यमंत्री

पहली महिला मुख्यमंत्री सुचेता कृपलानी (1963-1967 कांग्रेस)

मायावती (1995, 1997, 2002 व 2007 बीएसपी)

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